👉🏻 CMHO से निष्पक्ष जांच की मांग, पैथोलॉजिस्ट की मौजूदगी से लेकर थायरॉइड जांच और रिपोर्ट की वैधता तक पर खड़े हुए प्रश्न
👉🏻 शिकायतकर्ता बोले— यदि सब कुछ नियमों के अनुसार है तो जांच से सच्चाई सामने आ जाएगी
कोरबा। नवजीवन हॉस्पिटल, जमनीपाली में संचालित आउटसोर्स पैथोलॉजी लैब की कार्यप्रणाली को लेकर गंभीर सवाल उठे हैं। कोरबा निवासी राकेश कैवर्त ने मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी (CMHO) को लिखित शिकायत देकर पूरे मामले की निष्पक्ष एवं उच्चस्तरीय जांच कराने की मांग की है। शिकायत की प्रतिलिपि एनटीपीसी कोरबा के महाप्रबंधक और नवजीवन हॉस्पिटल प्रबंधन को भी भेजी गई है।
शिकायत में कहा गया है कि अस्पताल की पैथोलॉजी सेवाओं का संचालन अपेक्स पैथोलॉजी लैब द्वारा किया जा रहा है, लेकिन इसकी कार्यप्रणाली को लेकर कई गंभीर बिंदु सामने आए हैं, जिनकी सत्यता की जांच जरूरी है। शिकायतकर्ता का कहना है कि मामला सीधे मरीजों की सुरक्षा और स्वास्थ्य से जुड़ा है, इसलिए किसी भी स्तर पर लापरवाही को नजरअंदाज नहीं किया जाना चाहिए।
👉🏻नियमित पैथोलॉजिस्ट की मौजूदगी पर सवाल
शिकायत में आरोप नहीं बल्कि जांच की मांग करते हुए कहा गया है कि जानकारी मिली है कि लैब में नियमित रूप से कोई पैथोलॉजिस्ट चिकित्सक उपस्थित नहीं रहते और अधिकांश जांच रिपोर्ट तकनीशियनों के माध्यम से तैयार किए जाने की आशंका है। शिकायतकर्ता ने आग्रह किया है कि स्वास्थ्य विभाग मौके पर जांच कर यह स्पष्ट करे कि रिपोर्ट तैयार करने और प्रमाणित करने की पूरी प्रक्रिया नियमानुसार हो रही है या नहीं।
👉🏻थायरॉइड जांच कैसे हो रही, मशीन चालू है या नहीं?
आवेदन में यह भी उल्लेख किया गया है कि लैब में थायरॉइड जांच के लिए आवश्यक मशीन कार्यशील नहीं होने की जानकारी मिली है। यदि यह तथ्य सही पाया जाता है तो यह स्पष्ट किया जाए कि संबंधित जांच किस स्थान पर और किस प्रक्रिया के माध्यम से कराई जा रही है।
👉🏻डॉक्टर के नाम से जारी हो रही रिपोर्टों की भी जांच की मांग
शिकायत में कहा गया है कि जांच रिपोर्टों पर डॉ. माईकल कुजूर का नाम एवं हस्ताक्षर अंकित होने की जानकारी मिली है। यदि वे किसी अन्य संस्थान में कार्यरत हैं तो यह सत्यापित किया जाए कि क्या वे नियमानुसार उक्त लैब की रिपोर्टों का परीक्षण एवं प्रमाणीकरण कर रहे हैं अथवा नहीं।
👉🏻लाइसेंस, पंजीकरण और बायोमेडिकल नियमों की भी होगी पड़ताल?
राकेश कैवर्त ने मांग की है कि जांच के दौरान यह भी देखा जाए कि संबंधित पैथोलॉजी लैब सभी वैधानिक मानकों, आवश्यक पंजीकरण, बायोमेडिकल वेस्ट नियमों तथा क्लिनिकल एस्टैब्लिशमेंट सहित स्वास्थ्य विभाग के लागू दिशा-निर्देशों का पालन कर रही है या नहीं।
👉🏻अनियमितता मिले तो कार्रवाई की मांग
शिकायतकर्ता ने CMHO से अनुरोध किया है कि यदि जांच में किसी प्रकार की अनियमितता, लापरवाही या नियमों के उल्लंघन की पुष्टि होती है तो संबंधित संस्था एवं जिम्मेदार व्यक्तियों के विरुद्ध नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई की जाए, ताकि मरीजों के स्वास्थ्य और जीवन से किसी प्रकार का जोखिम उत्पन्न न हो।
शिकायत के इस मामले में संबंधित पक्ष से सम्पर्क नहीं हो सका है, उनका पक्ष प्राप्त होने पर उसे भी प्रमुखता से प्रकाशित किया जाएगा।









