0 शहर के एक व्यापारी को मिला धमकी भरा पत्र, पुलिस जांच में जुटी
कोरबा। कटघोरा थाना क्षेत्र के कारखाना मोहल्ला निवासी भाजपा नेता एवं जनपद सदस्य अक्षय गर्ग की जघन्य हत्या के आरोपी गिरफ्तार कर जेल भेजे जा चुके हैं। मामला पुलिस ने तात्कालिक तौर पर सुलझा लिया लेकिन इस घटना को लेकर सवाल अभी भी सुलग रहे हैं। इस बीच रविवार को एक सनसनीखेज घटनाक्रम में ज्ञात हुआ है कि कटघोरा क्षेत्र के एक व्यापारी को धमकी भरा खत मिला है। उसके घर में कोई धमकी भरी चिट्ठी फेंक कर भाग निकला है।।यह खबर आम होते ही एक बार फिर सनसनी फैल गई है। पुलिस जांच- पड़ताल में जुट गई है।
स्थानीय क्षेत्रवासियों से बात निकाल कर सामने आ रही है कि कटघोरा क्षेत्र में इन दिनों रंगदारी की प्रथा चल पड़ी है। कुछ युवकों का ग्रुप इसमें काम कर रहा है। इनके टारगेट में ठेकेदार, विभागों के अधिकारी से लेकर चुनिंदा जनप्रतिनिधि रहते हैं। ऐसे ही जनप्रतिनिधियों, जो इस गिरोह के सदस्य की रंगदारी, अवैध वसूली, ब्लैकमेलिंग का शिकार हो रहे हैं, उनसे पता चला है कि ऐसे लोगों के संपर्क में मुश्ताक भी रहा करता था। इसमें कोई संदेह नहीं कि ऐसे लोगों की संगत में रहकर मुस्ताक भी रंगदारी में उतर गया था।
मुस्ताक के पारिवारिक सूत्रों के बताए अनुसार अपने इर्द-गिर्द रहने वालों से वह काफी दुष्प्रेरित रहता था और उनके कहने पर कुछ भी करने के लिए तैयार हो जाता था। ऐसे में यह चर्चा भी है कि रंगदारों के उकसावे में आकर अक्षय गर्ग को रास्ते से हटाने के लिए उसने ऐसी साजिश रची होगी। उसने अपने सहयोगियों को कहा भी था कि अक्षय को मार दो, बाकी जो होगा मैं अपने ऊपर ले लूंगा। पुलिस की जांच इस मामले में जारी है।
बताया गया कि जो लोग कटघोरा क्षेत्र में रंगदारी की प्रथा को आगे बढ़ा रहे हैं, वह किसी को भी उकसावे में लाकर किसी भी तरह का अपराध करने के लिए दुष्प्रेरित कर सकते हैं। ऐसे लोगों को चिन्हित करते हुए इन पर समय रहते कठोर कार्रवाई और अंकुश लगाने की आवश्यकता बन पड़ी है। सीधे-साधे किस्म के जनप्रतिनिधि इनकी रंगदारी का शिकार हो रहे हैं।जनप्रतिनिधियों और पीड़ित लोगों को भी चाहिए कि वह सामने आकर पुलिस-प्रशासन से उनके बारे में अवगत कराएं ताकि फिर कोई दूसरा जघन्य हत्याकांड ना हो।







