👉🏻 रिश्वत पर एसीबी का प्रहार जारी,लोग हो रहे जागरुक
बिलासपुर/सक्ती। पीड़ित पक्ष को किसी न किसी तरह से राहत देने की आड़ में रिश्वत लेने की मंशा रखने वाले दागी अधिकारी-कर्मचारियों के विरुद्ध एंटी करप्शन ब्यूरो की कार्रवाई लगातार जारी है। एंटी करप्शन ब्यूरो की लगातार कार्रवाई और रिश्वत के मामले पकड़े जाने से लोगों में जागरूकता भी आई है और वह इस तरह के अवैध लेन-देन पर भरोसा ना कर संबंधित को रंगे वहाथ पकड़वाने में ज्यादा विश्वास कर रहे हैं। इस तरह की कार्रवाई से न सिर्फ रिश्वतखोर बेनकाब हो रहे हैं बल्कि इस बात का भी पता चल रहा है कि तमाम कोशिशों के बावजूद अवैध धन लाभ अर्जित करने की मंशा रखने वाले सरकारी कर्मी आज भी अनेक दफ्तरों में कुर्सियां तोड़ रहे हैं
इसी कड़ी में बिलासपुर व सक्ती जिले में एसीबी की टीम ने बड़ी कार्रवाई की है।
जानकारी के मुताबिक, करगी रोड कोटा निवासी देवेंद्र कश्यप द्वारा एसीबी कार्यालय बिलासपुर में इस आशय की शिकायत की गई थी कि वह कोटा में होटल का संचालन करता है। माह अगस्त 2025 में उसके होटल के जांच के दौरान खाद्य पदार्थ पेड़ा खुली स्थिति में मिलने पर फूड सेफ्टी ऑफिसर द्वारा उसके खिलाफ खाद्य सुरक्षा अधिनियम के तहत कार्यवाही हेतु प्रकरण प्रस्तुत किया गया था।
प्रकरण अतिरिक्त जिला दंडाधिकारी एवं न्याय निर्णयन अधिकारी बिलासपुर के यहां लंबित था। कार्यालय के बाबू विजय पांडेय द्वारा उससे जुर्माना राशि 1 लाख रुपए तक होने की बात कहकर जुर्माना राशि को 30000 रुपए तक करने के एवज में उससे 20000 रुपए रिश्वत की मांग की जा रही है। लेकिन वह बाबू विजय पांडेय को 20000 रुपए रिश्वत नहीं देना चाहता बल्कि उसे रंगे हाथ पकड़वाना चाहता है।
शिकायत का सत्यापन कराने पर शिकायत सही पाई गई,सत्यापन के दौरान आरोपी द्वारा प्रार्थी से 5000 रुपए ले लिया गया था तथा शेष 15000 रुपए दिया जाना शेष था जिस पर ट्रैप की योजना तैयार की गई। आरोपी द्वारा प्रार्थी को 15000 रुपए रिश्वत लेने हेतु अतिरिक्त जिला दंडाधिकारी कार्यालय में बुलाया गया। कार्यालय में प्रार्थी से 15000 रुपए रिश्वत रकम लिए जाने पर आरोपी विजय पांडेय सहायक ग्रेड 3 को एसीबी बिलासपुर की टीम द्वारा रंगे हाथ पकड़ा गया। साथ ही रिश्वत रकम भी बरामद की गई ।
पकड़े गए आरोपी के विरुद्ध लगातार रिश्वत खोरी किए जाने की जानकारी मुखबिर सूत्रों से भी एसीबी को प्राप्त हो रही थी। आरोपी के विरुद्ध धारा 7 भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम 1988 के तहत एसीबी द्वारा कार्यवाही की जा रही है ।
👉🏻ढाबा में रिश्वत लेते पकड़ाया ASI
इसी तरह दूसरी कार्रवाई में सक्ती जिले के चंद्रपुर थाना में पदस्थ सहायक उप निरीक्षक (ASI) एस.एन. मिश्रा को 20 हजार रुपए रिश्वत लेते गिरफ्तार किया गया। शिकायतकर्ता बालपुर निवासी शिव प्रसाद बरेठ ने ACB को बताया था कि उसके और उसके परिवार के खिलाफ दर्ज मारपीट मामले में कड़ी कार्रवाई से बचाने के बदले ASI ने 40 हजार रुपए रिश्वत मांगी थी।
ACB जांच में सामने आया कि आरोपी ASI पहले ही 20 हजार रुपए ले चुका था। इसके बाद शेष रकम लेने के लिए दूसरी किश्त तय की गई। ACB ने ट्रैप लगाते हुए शिकायतकर्ता को चंद्रपुर के गुड्डू ढाबा भेजा। जैसे ही ASI एस.एन. मिश्रा ने 20 हजार रुपए लिए, ACB टीम ने उसे रंगे हाथ पकड़ लिया। टीम ने मौके से रिश्वत की रकम भी जब्त कर ली।
दोनों मामलों में ACB की कार्रवाई के बाद सरकारी विभागों में हड़कंप मच गया है। अधिकारियों का कहना है कि भ्रष्टाचार के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा और रिश्वत मांगने वाले किसी भी कर्मचारी या अधिकारी को बख्शा नहीं जाएगा।
ACB ने आम नागरिकों से भी अपील की है कि यदि कोई सरकारी कर्मचारी या अधिकारी काम के बदले रिश्वत मांगता है तो उसकी शिकायत तुरंत एंटी करप्शन ब्यूरो से करें। विभाग ने भरोसा दिलाया है कि शिकायतकर्ताओं की पहचान गोपनीय रखी जाएगी और त्वरित कार्रवाई की जाएगी।







