कोरबा-कटघोरा। बदलते दौर में रिश्तों के बीच बढ़ता संदेह और विश्वास की कमजोर होती डोर कई बार वैवाहिक जीवन में ऐसा तनाव पैदा कर देती है कि विवाद देखते ही देखते मारपीट तक पहुंच जाता है। फिर दंपत्ति शिक्षित और नौकरीपेशा ही क्यों न हो। कौन कितना सही है और कौन गलत, यह जांच और कानूनी प्रक्रिया में तय होना बाकी रहता है, लेकिन कई बार छोटी-सी घटना रिश्तों में विश्वास की जगह संदेह को इतना मजबूत कर देती है कि स्थिति गंभीर रूप ले लेती है।
कटघोरा में सामने आया शिक्षक दंपत्ति के बीच विवाद का मामला भी कुछ ऐसा ही है। यहां माध्यमिक शाला डुडगा में पदस्थ शिक्षिका और हायर सेकेंडरी स्कूल चैतमा में व्याख्याता पति के बीच विवाद इतना बढ़ गया कि दोनों पक्षों ने एक-दूसरे के खिलाफ पुलिस में शिकायत दर्ज करा दी।
👉🏻 कार में युवती को देखकर हुआ विवाद
शिक्षिका की शिकायत के अनुसार, 26 अगस्त को उसके पति भागीरथी श्रीवास एक युवती को कार में बैठाकर घुमा रहे थे। पत्नी ने जब पति से युवती के संबंध में पूछा तो वह कथित तौर पर जवाब नहीं दे पाए। इसी बात को लेकर शाम करीब 5 बजे घर में विवाद हुआ। पति ने गाली-गलौज करते हुए जान से मारने की धमकी दी और हाथ-मुक्का व लात से मारपीट की। शिकायत में पीठ, मुंह के पास, दोनों हाथ और चेहरे पर चोट लगने की बात कही गई है। परिवार के सदस्यों द्वारा बीच-बचाव किया गया। पीड़िता का आरोप है कि उसके भाई के साथ भी धक्का-मुक्की व गाली-गलौज की गई। पुलिस ने शिक्षिका की शिकायत पर पति के विरुद्ध BNS की धारा 115(2), 296 और 351(3) के तहत अपराध दर्ज किया है।
👉🏻 पति ने लगाया उंगली काटने का आरोप
वहीं, हायर सेकेंडरी स्कूल चैतमा में पदस्थ व्याख्याता भागीरथी श्रीवास (42 वर्ष) ने अपनी शिकायत में पत्नी पर गाली-गलौज और मारपीट करने का आरोप लगाया है। उसके अनुसार, 26 अगस्त की सुबह करीब 11 बजे उसकी पूर्व छात्रा जेल रोड के पास मिली थी। वह उसे कार में बैठाकर दुकान छोड़ने जा रहा था। इसी बात को लेकर घर पहुंचने के बाद विवाद हुआ। आरोप है कि पत्नी ने गाली-गलौज करते हुए उसके दाहिने हाथ की उंगली काट दी। घटना के दौरान मां और बहन द्वारा बीच-बचाव किया गया। व्याख्याता पति की शिकायत पर पत्नी के विरुद्ध BNS की धारा 115(2) और 296 के तहत अपराध दर्ज किया गया है।
👉🏻 पुलिस कर रही जांच-पड़ताल
दोनों पक्षों के आरोपों की पुलिस जांच कर रही है। घटना में वास्तविक रूप से क्या हुआ और किसकी कितनी भूमिका रही, यह जांच के बाद ही स्पष्ट होगा।
लेकिन यह घटना पढ़े-लिखे और सभ्य समाज के लोगों को यह सोचने पर जरूर मजबूर करती है कि जब रिश्तों में संवाद और विश्वास कमजोर पड़ने लगे, तो शिक्षा और सामाजिक प्रतिष्ठा भी कई बार विवाद को रोक नहीं पाती। एक छोटी-सी शंका कब रिश्ते में तनाव और कड़वाहट का जहर घोल दे, इसका अंदाजा लगाना मुश्किल हो जाता है।
KORBA:कार में युवती को देख पत्नी का पारा हाई, व्याख्याता पति ने की मारपीट-शिक्षिका पत्नी ने काटी उंगली






