0 निगम के बोर्ड को फिंकवाया तो DMC ने तुड़वा दी थी दीवार
कोरबा। सौंदरीकरण के साथ प्रकृति के संरक्षण का संदेश देते हुए एक बोर्ड को लगाने और उखड़वा देने की बात को लेकर सीएसईबी तथा नगर निगम के बीच बात ठन गई थी, उस विवाद का पटाक्षेप होता नजर आ रहा है।
सीएसईबी की इकाई डीएसपीएम संयंत्र,बुधवारी के सामने निर्मित तिकोना स्थल पर फुलवारी लगाने के साथ ही यहां मोनूमेंट्स लगाया गया है और इसी स्थल पर प्रकृति के संरक्षण का संदेश देते हुए लगाए गए निगम के एक छोटे से बोर्ड को पिछले दिनों सीएसईबी के अधिकारी के निर्देश पर सिविल विभाग द्वारा उखड़वा दिया गया था। इसके बाद निगम के डीएमसी नीरज कौशिक के द्वारा अप्पू गार्डन के सामने सड़क के इस ओर सीएसईबी की बाउंड्री वाल को तुड़वा देने की कार्रवाई की गई थी। इस मामले को लेकर सीएसईबी और निगम एक तरह से आमने-सामने हो गए थे। सीएसईबी की तरफ से डीएमसी की लिखित शिकायत कलेक्टर से की गई साथ ही सीएसईबी ने नगर निगम पर लदे गए अहसानों का भी जिक्र कर दिया कि सीएसईबी की जमीन पर ही नगर निगम ने अपने तमाम कई निर्माण कार्य कराए हैं, वह भी बिना एनओसी लिए। बात जब नोटिस तक पहुंची और मामला सुर्खियों में आया तब नगर निगम आयुक्त आशुतोष पांडेय ने मोर्चा संभाला। उन्होंने इस विषय में कलेक्टर कुणाल दुदावत को वस्तुस्थिति से अवगत कराने के साथ ही छत्तीसगढ़ राज्य विद्युत उत्पादन कंपनी के ईडी से बात की और सारे विषयों से अवगत कराया।

इसके पश्चात सकारात्मक माहौल निर्मित हुआ और अंततः गुरुवार को दोपहर बाद उक्त तिकोना गार्डन में प्रकृति के संरक्षण का संदेश देते हुए बोर्ड स्थापित कराया जा सका। इसमें एक तरफ विद्युत उत्पादन कंपनी तो दूसरी तरफ नगर निगम का मोनो भी लगाया गया है।
इस तरह से निगम और सीएसईबी के बीच चल रहे विवाद का पता पटाक्षेप हो गया है। कर्तव्य निर्वहन और आदेश का पालन करने-कराने के दौरान इस मामले से विवाद में घिरे डीएमसी (डिप्टी कलेक्टर) नीरज कौशिक ने भी राहत की सांस ली है।




