कोरबा/रायपुर। युवती को अच्छी नौकरी लगवा देने का हवाला देकर उससे दोस्ती, फिर जान-पहचान बढ़ा कर प्रेम संबंध स्थापित कर शादी करने का आश्वासन देते हुए जबरन शारीरिक संबंध बनाने और इसका वीडियो बनाकर इसे वायरल करने की धमकी देते हुए बार-बार संबंध स्थापित करने के मामले में राजधानी रायपुर की पुलिस ने कोरबा जिले के अल्पसंख्यक विभाग ग्रामीण अध्यक्ष को गिरफ्तार कर जेल दाखिल कराया है। पीड़िता के गर्भवती होने पर उसका गर्भपात कराया और शादी करने से इनकार कर दिया गया।
कोरबा जिले के निवासी इस पदाधिकारी पर रायपुर कमिश्नरेट जिला के आजाक थाना में बीएनएस की धारा 69 व अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति नृशंसता निवारण अधिनियम 1989 (संशोधित 2015 की धारा 3(2)(v) के तहत जुर्म दर्ज कर जेल दाखिल कराया गया है।
आरोप है कि दिनांक 10-06-2022 से 05-09-2025 तक रायपुर जिला की निवासी पीड़िता के साथ कई बार जबदस्ती शारीरिक संबंध बनाया और फिर शादी करने से मना कर दिया। पीड़िता आदिवासी गोंड़ परिवार की है। उसे कंपनी द्वारा कई मोबाईल नंबर दिये जाते थे जिसमें टैली कालिंग का कार्य होता था। उसमें एक मोबाइल नम्बर मिला जो आबिद अख्तर निवासी-कोरबा का था व पीड़िता को बार-बार कॉल मैसेज करता था। दोस्ती करने की बात करता था। अपने आपको अल्पसंख्यक विभाग का अध्यक्ष व समाज का प्रतिष्ठित व्यक्ति बता कर बहुत सारे लोगों को जॉब दिलाने का हवाला देकर पीड़िता को नगर निगम रायपुर में जॉब दिलाने की बात कहकर दस्तावेज मंगाया। अपने पर्सनल नंबर से दस्तावेज भेजा। फिर नौकरी लगवाने के नाम पर दोनों की कई बार बातचीत हुई। इसी दौरान उसने प्रेम प्रस्ताव दिया,जिसे स्वीकार कर लिया। वर्ष 2022 में दस्तावेज के साथ इनडोर स्टेडियम रायपुर में बुलाया। कुछ दिन बाद उसका फिर से रायपुर आना हुआ और कुछ व्यक्तिगत बात करना है कहकर सुनसान जगह पर बुलाने हेतु ऑफर किया। आरोपी ने पहले से रूम बुक करके रखा था। 10/06/2022 को राजधानी गेस्ट हाऊस रामकृष्णा अस्पताल के पास ले गया और बातचीत करते-करते आगे बढ़ने लगा। उसे मना किया तो उसने अपने द्वारा कोरबा से लाई गई रोटी-सब्जी को बहला-फुसला कर खिलाया। उसके बाद प्रेम का इजहार कर अपनी पत्नि मानता हूँ कह कर शारीरिक संबंध बनाया और कुछ अश्लील फोटो- वीडियो अपने मोबाईल में बना लिया।
👉🏻 विवाहित होने की बात छुपाया
पीड़िता के मुताबिक पहले आरोपी ने उसे बताया था कि वह 25 वर्ष का है और अविवाहित है। बाद में पता चला उस समय उसकी उम्र 38 वर्ष थी और वह विवाहित था व उसके दो बच्चे भी हैं। इसके बाद पीड़िता ने संपर्क हटा लिया जबकि वह लगातार बातचीत करने का प्रयास करता रहा। प्रैक्टिकल ईक्जाम वाले दिन उसने लगभग 120 बार कॉल किया,कॉल रिसीव न करने पर वह रायपुर आ गया। ईक्जाम सेंटर के बाहर हाथ पकड़ा और एक थप्पड़ मारा। वह शारीरिक संबंध बनाने के लिये दबाव बनाता था, ना मिलने की बात पर ब्लैकमेल कर अश्लील फोटोस व वीडियो घर वालों और सहेलियों को भेज दूंगा, तुम्हें बदनाम कर दूंगा कहता था। हर 20 दिन में रायपुर आकर शारीरिक संबंध बनाने के लिये दबाव बनाता था। जब पीड़िता के घर वालों को पता चला तो बताने पर आरोपी ने कोरबा बुलाकर किराये के मकान में रखा, और यहां पर भी शादी की बात करके शारीरिक संबंध बनाता रहा। शादी की बात पर मारता-पीटता था। आरोपी आबिद अख्तर ने अंतिम बार 05.09.2025 को शारीरिक संबंध बनाया। जब गर्भवती हुई तो बच्चे को मैं नही रखना चाहता कहकर जबरन दवाई खिलाकर गर्भपात करा दिया और कभी नहीं अपनाऊंगा कहकर, मारपीट करता था, फैमली को मरवा दूंगा की धमकी देने लगा।
अंततः पीड़िता ने आरोपी आबिद अख्तर के विरुद्ध एफआईआर दर्ज कराया जिस पर आरोपी को गिरफ्तार कर जेल दाखिल करा दिया गया है। इस पूरे मामले से दागी हो चुके पदाधिकारी पर संगठन की तरफ से फिलहाल कोई कार्रवाई नहीं की गई है।






