कोरबा। राताखार बाईपास रोड पर चर्चित और आपत्तियों से घिरे सीमांकन को लेकर आखिरकार फिलहाल रोक लगा दी गई है। कैबिनेट मंत्री लखन देवांगन से चेंबर ऑफ कॉमर्स और प्रभावित व्यापारियों के द्वारा मुलाकात और सीमांकन नहीं करने के आश्वासन के बाद दूसरे दिन की सीमांकन कार्रवाई रोक दी गई है। कलेक्टर कुणाल दुदावत के द्वारा इस संबंध में सोमवार को प्रभावित व्यापारियों और चेम्बर पदाधिकारियों व सम्बन्धित अधिकारियों की बैठक बुलाई गई है। तब तक के लिए किसी भी तरह के सीमांकन और निर्माण योजना संबंधी कार्रवाई पर रोक लगाने का स्पष्ट निर्देश देने की जानकारी सामने आई है।
बता दें कि नगर पालिक निगम के द्वारा पावर हाउस रोड नहर के समीप जल संसाधन विभाग के नहर व नहर के पास स्थित भूमि पर मल्टी लेवल कार पार्किंग के साथ-साथ फुट मॉर्केट, चौपाटी व डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी परिसर का निर्माण प्रस्तावित है। उक्त वर्णित भूमि कुल ख.नं. 24, कुल रकबा 5.52 ए. का सीमांकन 23 सितम्बर को प्रभावित 22 व्यापारियों और नगर निगम तथा जल संसाधन विभाग को पूर्व सूचना बाद शुरू किया गया। 24 सितम्बर को भी राजस्व टीम यहां आने वाली थी, कि इसके पूर्व कलेक्टर द्वारा विरोध और व्यापारियों की भावनाओं को समझते हुए सीमांकन पर रोक लगा दी गई है ,जिससे व्यापारियों ने राहत की सांस ली है।
👉🏻 स्थल परिवर्तन का आग्रह, सुझाव दिए हैं चेम्बर ने
मल्टीलेवल पार्किंग के समीप व्यापारिक प्रतिष्ठानों के सामने प्रस्तावित चौपाटी निर्माण पर आपत्ति एवं स्थल परिवर्तन हेतु चेम्बर ने पत्र लिखे हैं। कहा गया है कि प्रभावित सभी 22 व्यापारी मल्टीलेवल पार्किंग के आसपास लंबे समय से अनेक व्यापारी अपने व्यवसाय का संचालन कर रहे हैं। उक्त क्षेत्र में व्यापारियों की दुकानों के सामने चौपाटी विकसित किए जाने की प्रस्तावित योजना से स्थानीय व्यापारियों में गंभीर चिंता एवं असंतोष की स्थिति उत्पन्न हुई है।
दुकानों के सामने चौपाटी संचालित होने से ग्राहकों के आवागमन एवं दुकानों तक पहुंच प्रभावित होने, सड़क एवं पार्किंग व्यवस्था पर अतिरिक्त दबाव पड़ने, भीड़भाड़ एवं यातायात की समस्या बढ़ने तथा स्वच्छता एवं कचरा प्रबंधन से संबंधित समस्याएं उत्पन्न होने की आशंका है। साथ ही, वर्षों से यहां व्यवसाय कर रहे व्यापारियों के व्यापारिक हित भी प्रभावित हो सकते हैं। हम विकास एवं शहर के सौंदर्गीकरण के विरोधी नहीं हैं। हमारी मांग केवल इतनी है कि चौपाटी के लिए ऐसा वैकल्पिक स्थान निर्धारित किया जाए, जहां व्यापारिक प्रतिष्ठानों एवं नियमित व्यवसायिक गतिविधियों पर प्रतिकूल प्रभाव न पड़े। इन सभी से विनम्र आग्रह किया गया है कि मल्टीलेवल पार्किंग के समीप व्यापारियों की दुकानों के सामने चौपाटी निर्माण की प्रस्तावित योजना पर पुनर्विचार कर स्थल परिवर्तन हेतु संबंधित अधिकारियों को आवश्यक निर्देश प्रदान करने की कृपा करें। व्यापारियों के हित एवं शहर की सुव्यवस्थित यातायात व्यवस्था को ध्यान में रखते हुए सकारात्मक निर्णय की अपेक्षा हैं।
KORBA: बाईपास में सीमांकन बैकफुट, मंत्री के निर्देश पर कलेक्टर ने सोमवार को बुलाई बैठक




