0 फर्जी नियुक्ति/पदोन्नति की जांच 3 माह बाद भी शुरू नहीं
कोरबा। जिले के जनपद पंचायत कोरबा के लखपति बाबू ओ.पी. राठौर के विरुद्ध की गई जांच के लिए जांच दल एवं शिकायतकर्ता को आवश्यक सुरक्षा उपलब्ध करवाने का आग्रह कलेक्टर व पुलिस अधीक्षक से किया गया है।
शिकायतकर्ता अधिवक्ता डॉ.संतोष मिश्रा ने बताया कि उन्होंने जनपद पंचायत कोरबा में पदस्थ उक्त लखपति बाबू के खिलाफ दिनांक 07/05/2025 को कलेक्टर कार्यालय में शिकायत किया था जिसको जांच हेतु जनपद पंचायत कोरबा को लिखित है। परन्तु बहुत ही दु:ख के साथ यह लिखना पड़ रहा है कि आज पर्यन्त उक्त बाबू के फर्जी नियुक्ति/पदोन्नति की जांच उसके भय से जांच दल नहीं कर पा रहा है। चूंकि उक्त बाबू के द्वारा जनपद में पदस्थ होकर शासन को लाखों का चूना लगाया गया है, वर्तमान में उसकी आर्थिक स्थिति इतनी मजबूत को गई है कि वह जैसे कि तीन सितारा होटल, पेट्रोल पंप, बंगला एवं चार पहिया गाड़ी में निवेश किया है। वर्तमान स्थिति में उक्त बाबू ने बड़े पैमाने पर भष्ट्राचार कर अपनी अवैध सम्पत्ति बनाई है इस वजह किसी भी अधिकारी को खरीद लेना एवं नेताओं से दबाव बनवाना उनके बायें हाथ का खेल है। संतोष मिश्रा ने कलेक्टर को अवगत कराया है कि ओ.पी. राठौर बाबू के द्वारा अपने प्रभाव का इस्तेमाल कर जिला पंचायत कोरबा में मनरेगा विभाग में अपने पुत्र को तकनीकी सहायक के पद पर नौकरी दिलाने के लिए प्रभाव का दुरूपयोग किया है जो वर्तमान में जनपद पंचायत पोड़ी उपरोड़ा में पदस्थ है।
चूंकि तीन माह पश्चात भी जांच दल अभी तक उसके खिलाफ कोई जांच नही कर पा रही है, इससे यह प्रतीत होता है कि उसका भय जनपद पंचायत में बना हुआ है। जिससे मुख्य कार्यपालन अधिकारी द्वारा संरक्षण दिया जा रहा है।
वर्तमान में भाजपा की सरकार के कथनी व करनी में अंतर स्पष्ट है कि एक तरफ तो सरकार भष्ट्राचारियों पर कार्यवाही का दम भर रही है और जीरो टॉलरेंस की नीति का दावा कर रही है। दूसरी तरफ एक सामान्य बाबू जो कि भष्ट्राचार को अंजाम देकर लाखों को मालिक बन बैठा है, शिकायत करने के उपरांत अभी तक कार्यवाही नहीं हो पा रही है जो शिकायतकर्ता के लिए तकलीफदेह होने के साथ डर भी लगने लग गया है क्योंकि उक्त बाबू झूठा षड़यंत्र कर फंसा सकता है।
कलेक्टर व एसपी से आग्रह किया गया है कि उक्त बाबू की जांच हेतु जनपद पंचायत कोरबा द्वारा गठित टीम एवं शिकायतकर्ता को उचित सुरक्षा उपलब्ध करवाने का कष्ट करें, आपके आभारी रहेंगे।