0 मूलनिवासी किसान संघ ने दी आंदोलन की चेतावनी, नगर की प्रमुख समस्याओं को लेकर 27 जुलाई को दिए ज्ञापन पर कार्रवाई नहीं होने से नाराज संगठन ने प्रशासन को सौंपा स्मृति-पत्र
कोरबा-कटघोरा। नगर पालिका परिषद कटघोरा क्षेत्र में जनहित से जुड़े विभिन्न मुद्दों को लेकर मूलनिवासी किसान संघ छत्तीसगढ़ ने अब आंदोलन का रास्ता अपनाने की चेतावनी दी है। संगठन का कहना है कि 27 जुलाई 2026 को नगर की प्रमुख समस्याओं के निराकरण के लिए ज्ञापन सौंपकर सात दिनों के भीतर आवश्यक कार्रवाई की मांग की गई थी, लेकिन 10 दिन से अधिक समय बीतने के बाद भी प्रशासन की ओर से न तो ठोस कार्रवाई की गई और न ही संगठन को लिखित सूचना दी गई।
इसी को लेकर संघ के प्रदेश अध्यक्ष लालबहादुर सिंह कोर्राम ने 7 अगस्त को प्रशासन को स्मृति-पत्र सौंपते हुए आंदोलन की घोषणा की है।
0 तीन प्रमुख मांगों को लेकर उठाई आवाज
संघ ने अपने ज्ञापन में मुख्य रूप से नगर के प्रमुख मार्गों पर बैठे आवारा मवेशियों के लिए उचित एवं स्थायी प्रबंधन किए जाने की मांग की है। इसके अलावा कटघोरा यात्री प्रतीक्षालय में यात्रियों की सुरक्षा के लिए सीसीटीवी कैमरे लगाए जाने तथा बस स्टैंड स्थित सुलभ शौचालय का 24 घंटे नियमित संचालन और कर्मचारियों की उपलब्धता सुनिश्चित करने की मांग रखी गई है।
संघ का कहना है कि ये सभी मांगें आम नागरिकों, यात्रियों, महिलाओं, वरिष्ठ नागरिकों और विद्यार्थियों की सुरक्षा एवं सुविधा से सीधे जुड़ी हुई हैं।
0 11 से 14 अगस्त तक धरना-प्रदर्शन
संगठन ने प्रशासन को स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि मांगों पर तत्काल प्रभाव से आवश्यक कार्रवाई शुरू नहीं की जाती है तो 11 अगस्त से 14 अगस्त 2026 तक प्रतिदिन सुबह 11 बजे से शाम 4 बजे तक नगर पालिका परिषद कटघोरा के समक्ष चार दिवसीय शांतिपूर्ण धरना-प्रदर्शन किया जाएगा।
0 15 अगस्त से अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल
स्मृति-पत्र में कहा गया है कि यदि चार दिवसीय धरना-प्रदर्शन के दौरान भी प्रशासन द्वारा कोई सकारात्मक एवं ठोस कार्रवाई नहीं की जाती है, तो 15 अगस्त 2026 को सुबह 10 बजे से उसी स्थल पर अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल शुरू की जाएगी। संघ ने कहा है कि मांगों के निराकरण तक भूख हड़ताल जारी रहेगी। संघ ने कहा है कि उसका संगठन संवैधानिक, लोकतांत्रिक और शांतिपूर्ण तरीके से जनहित के मुद्दे उठाता रहा है। यदि परिस्थितिवश आंदोलन और अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल की नौबत आती है तो उससे उत्पन्न होने वाली प्रशासनिक, विधिक अथवा अन्य परिस्थितियों की संपूर्ण जिम्मेदारी शासन-प्रशासन की होगी।
स्मृति-पत्र की प्रतिलिपि कलेक्टर कोरबा, मुख्य नगर पालिका अधिकारी कटघोरा, पुलिस अधीक्षक कोरबा, थाना प्रभारी कटघोरा और जिला परिवहन अधिकारी सहित संबंधित अधिकारियों को भी दी गई है। संगठन ने प्रशासन से जनहित को सर्वोपरि रखते हुए मांगों पर अविलंब आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने का आग्रह किया है।
KORBA:कटघोरा में 11 से धरना,15 से भूख हड़ताल







