विश्व गायन दिवस पर गूँजा विद्यालयविश्व गायन दिवस का से गूँजा विद्यालय
कोरबा। संगीत वह सार्वभौमिक भाषा है, जो बिना किसी भेदभाव के लोगों के हृदय को जोड़ती है। संगीत के इसी वैश्विक स्वरूप, सांस्कृतिक एकता और आपसी सौहार्द के संदेश को जन-जन तक पहुँचाने के उद्देश्य से विश्व गायन दिवस के अवसर पर डी.ए.वी. पब्लिक स्कूल, कोरबा में संगीत एवं गायन के प्रति जागरूकता बढ़ाने से संबंधित कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस अवसर पर ‘सिंग टुगेदर यूनाइट वर्ल्ड'(एक साथ गाएँ, विश्व को एकजुट बनाएँ) तथा (एक गीत, एक विश्व, एक परिवार) का संदेश प्रमुखता से प्रस्तुत किया गया।
विश्व गायन दिवस का मूल उद्देश्य लोगों को एक साथ गाने, संगीत के माध्यम से एक-दूसरे से जुड़ने तथा विश्व में शांति, प्रेम, भाईचारे और एकता की भावना को प्रोत्साहित करना है। यह दिवस इस विचार को सशक्त करता है कि भाषा, देश, धर्म और संस्कृति की विविधताओं के बावजूद संगीत सभी को एक सूत्र में बाँधने की अद्भुत क्षमता रखता है।
विश्व गायन के अध्यक्ष स्कॉट जॉन्सन ने भारत, कनाडा, अमेरिका, ब्राजील, फ्रांस, दक्षिण अफ्रीका और जापान आदि देशों ने उत्साहपूर्ण इस कार्यक्रम को आयोजित किया है। पूरे भारत में केवल चार जगह इस कार्यक्रम का चयन किया गया है।जिसमें चौथा हमारा विद्यालय डी ए व्ही कोरबा का स्थान है।
इसके माध्यम से विद्यार्थियों को यह संदेश दिया गया कि संगीत किसी एक देश अथवा संस्कृति तक सीमित नहीं है, बल्कि यह संपूर्ण मानवता की साझा धरोहर है। संगीत के सुर मनुष्य के भीतर सकारात्मक ऊर्जा का संचार करते हैं तथा आपसी सद्भाव और सहयोग की भावना को विकसित करते हैं। इस मौके पर विद्यालय की प्रधानाचार्या श्रीमती डॉक्टर चेतना शर्मा ने इस अवसर पर अपने संदेश में कहा -“संगीत मानव जीवन का अभिन्न अंग है। यह हमारी भावनाओं को अभिव्यक्त करने के साथ-साथ विभिन्न संस्कृतियों और समुदायों के बीच संबंध स्थापित करने का प्रभावशाली माध्यम है। संगीत के सुर मनुष्य के मन में आनंद, शांति और सकारात्मकता का संचार करते हैं। विद्यार्थियों को पढ़ाई के साथ-साथ संगीत, कला और सांस्कृतिक गतिविधियों में भी सक्रिय रूप से भाग लेना चाहिए, क्योंकि ऐसी गतिविधियाँ उनके व्यक्तित्व को निखारने और उनमें मानवीय मूल्यों का विकास करने में महत्त्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं।”
संगीत शिक्षक डॉक्टर घनश्याम तिवारी तथा संगीत क्लब के सदस्यों के कुशल नेतृत्व में इस कार्यक्रम को समस्त शैक्षणिक और गैर शैक्षणिक सदस्यों ने सफल बनाया। इस कार्यक्रम का सफल संचालन संगीत शिक्षक डॉक्टर घनश्याम तिवारी ने किया।






