कोरबा। बांकीमोंगरा नगर पालिका के कटाईनार वार्ड क्रमांक 14 का बोरिंग विवाद अब सीधे टकराव में बदल गया है। समाजसेविका डिंकी कौर के गंभीर आरोपों के बाद पार्षद पक्ष की गतिविधियों पर नए सवाल खड़े हो रहे हैं।
डिंकी कौर का आरोप है कि उनके द्वारा मुद्दा उठाते ही पार्षद पक्ष बौखला गया और आनन-फानन में मीटिंग बुलाकर उन पर बयान वापस लेने का दबाव बनाया गया। उनके मुताबिक, उन्हें FIR की धमकी दी गई और मीटिंग में मौजूद कुछ लोगों द्वारा बदतमीजी भी की गई।
अब मामला यहीं नहीं रुका, समाजसेविका का दावा है कि इसके बाद पार्षद पक्ष ने अपने समर्थन प्रचार-प्रसार करवाया, ताकि पूरे विवाद को अपने पक्ष में मोड़ा जा सके। इसे वे “सच्चाई को दबाने की कोशिश” बता रही हैं।
दूसरी ओर, पार्षद समर्थक इन सभी आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए डिंकी कौर पर ही झूठा प्रचार करने और विकास कार्य में बाधा डालने का आरोप लगा रहे हैं। उनका कहना है कि बोरिंग का काम पूरी तरह जनहित में किया जा रहा है।
लेकिन असली सवाल अब यही है—
क्या आरोप उठाने पर दबाव बनाना सही है?
क्या सच बोलने वालों को इस तरह से दबाने की कोशिश सही है..?







